Anthropic ने बताया कि उसके आंतरिक Claude रिसर्च मॉडल ने महज लगभग 30 मिनट में एक क्रिप्टोग्राफी रहस्य सुलझा दिया, जिसने लगभग 25 वर्षों से शोधकर्ताओं को उलझा रखा था: अमेरिकी राष्ट्रीय सुरक्षा एजेंसी (NSA) द्वारा राष्ट्रीय मानक एवं प्रौद्योगिकी संस्थान (NIST) को दिए गए 5 एलिप्टिक-वक्र सीड आखिर आए कहाँ से?
मुख्य बिंदु:
- स्रोत एक पुराना रैंडम-नंबर जनरेटर था: पाँचों सीड (वक्र P-192, P-224, P-256, P-384 और P-521 के लिए) 1990 के दशक की C लाइब्रेरी के रैंडम-नंबर जनरेटर lrand48 से आए, जिन्हें 1997 से 1998 के बीच के Unix टाइमस्टैम्प से सीड किया गया था।
- बैकडोर की आशंका काफी कम हुई: चूँकि सीड किसी गुप्त डिज़ाइन से नहीं, बल्कि एक पुनरुत्पादनीय सामान्य टाइमस्टैम्प-आधारित यादृच्छिक प्रक्रिया से आए, इसलिए वक्रों में जानबूझकर बैकडोर छिपे होने की संभावना काफी कम हो गई। इस खोज से कोई एन्क्रिप्शन नहीं टूटा है, और उपयोगकर्ताओं को कोई कार्रवाई करने की आवश्यकता नहीं है।
- इनाम दान किया जाएगा: Anthropic ने कहा कि वह 36,864 डॉलर का पहेली इनाम इंटरनेट सुरक्षा अनुसंधान समूह (ISRG) को दान करेगा।
ध्यान रहे कि यह निष्कर्ष Anthropic का अपना खुलासा है और अभी स्वतंत्र रूप से सत्यापित नहीं हुआ है; कुछ उम्मीदवार मानों को क्यों छोड़ा गया, यह अभी स्पष्ट नहीं है।
स्रोत: मूल लेख पढ़ें। यह संदर्भ के लिए सारांश-संकलन है।




